Wednesday, 24 June 2026

Recipe : Aloo Bhakarwadi

मराठी-गुजराती प्रसिद्ध भाकरवडी और सुप्रसिद्ध समोसे का fusion करके बच्चों से लेकर बड़े लोगों तक सबको बहुत पसंद आने वाली आलू भाकरवडी share कर रहे हैं।

यह जितनी tasty है, उतनी ही easily prepare होने वाली dish है…

Aloo Bhakarwadi



Ingredients :
  • All purpose flour - 250 gm.
  • Clarified butter (Ghee) - 75 gm. (for Moyan) and for frying 
  • Butter - 1 tbsp. (for glazing)
  • Salt - as per taste
  • Potato - 150 gm.
  • Pea - 25 gm. (optional)
  • Green chillies - as per taste
  • Amchur powder - 1 tsp.
  • Coriander leaves - handful 
  • Black pepper - as per taste
  • Dum Aloo masala - 1 tbsp. 

Method :
For Masala -
  1. Boil व mash किए हुए आलू, उबली मटर, salt, black pepper, green chillies, अमचूर powder, दम आलू मसाला, butter व coriander leaves डालकर अच्छे से mix कर लीजिए।
For Outer Shell -
  1. Flour में घी व नमक डालकर हथेली से अच्छे से rub कर flour को अच्छे से मोयन कीजिए।
  2. उसमें हल्का गुनगुना पानी धीरे-धीरे डालते हुए dough prepare कीजिए।
For Aloo bhakawadi -
  1. Dough से गोलियां बना लीजिए। गोलियों को rolling pin की help से flat कर लें, जैसे रोटी बनाते हैं।
  2. इसे थोड़ा मोटा ही रहने दीजियेगा। 
  3. अब आलू मसाला को पूरी रोटी में फैलाकर दबा दीजिए, जिससे तलते समय समय filling बाहर न निकले।
  4. अब इस रोटी को roll कर लीजिए।
  5. वह इसके छोटे-छोटे टुकड़े काट लीजिए।
  6. 1 wok में उसके half तक घी लें, उसे गर्म होने रख दीजिए।
  7. जब घी गर्म हो जाए, उसमें आलू भाकरवड़ी डाल दीजिए, फिर flame slow कर दीजिए।
  8. दोनों तरफ से हल्का गुलाबी हो (सिक) जाए तो flame high करें और bakarwadi crispy कर लें।

Tips and Tricks :
  • Filling में मक्खन या घी अवश्य डालें, इसके होने से बिना भूने भी स्वाद भूना मसाला जैसा ही आता है, मतलब मेहनत कम फिर भी स्वाद में दम।
  • मोयन में घी का अंदाज ऐसा होता है, कि जब आप मैदे में घी डालकर अच्छे से rub कर लें और उसे हाथ में दबाएं, तो लड्डू-सा बनने लगेगा।
  • Dough बनाते समय, जितना कम पानी आप डालेंगे, भाकरवड़ी उतना ही crispy (खस्ता) बनेगी। अतः ध्यान रखिएगा, ज्यादा पानी से आप की भाकरवड़ी, hard बनेंगी और soggy भी जल्दी हो जाएंगी।
  • Dough बनाने के साथ ही भाकरवड़ी बनाना शुरू कर लीजिए, वरना dough बनाकर छोड़ने से flour में salt से पानी release हो जाता है, जिससे मोयन बेकार हो जाता है।
  • घी smoky high तक गर्म नहीं करना होता है, वरना भाकरवड़ी बाहर से जल जाएंगी और अंदर से कच्चे ही रह जाएँगी।
  • भाकरवड़ी डालने के बाद शुरू में जल्दी ही पलटने होती हैं, वरना उसकी पपड़ी जगह-जगह से फूल जाती है, जिससे उसकी पपड़ी चिकनी नहीं होती है। ऐसा लगता है, उसमें फफोले पड़े हों। अगर आपकी भाकरवड़ी ऐसे बनेंगी, तो ना तो वो देखने में अच्छे लगेंगी, ना उनका taste अच्छा होगा, तो इस बात का भी ध्यान रखियेगा।
  • भाकरवड़ी हल्का-सा सिक जाए, तो इसे slow flame में ही हल्का गुलाबी होने तक पकाएं, वरना भाकरवड़ी crispy नहीं बनेगी।
तो देर किस बात की? आज ही बनाएँ और सबको खिलाएँ।