Sunday, 12 November 2023

Poem: दीप से दीप जलाकर

दीप से दीप जलाकर



दीप से दीप जलाकर

घर आंगन में लगा लेना 

उनकी जगमग रोशनी से 

कोने कोने में प्रकाश फैला लेना


फ़ूल से फूल मिलाकर 

सुंदर लड़ी बना लेना 

हर द्वार चौखट सजे उससे 

पूरे घर को खूशबू से महका लेना 


थोड़ा थोड़ा ही सही

पर कुछ पकवान बना लेना 

हैं दीपावली, त्यौहार बड़ा 

अपनों के संग मना लेना 


बहुत नहीं, बस चंद सही 

पटाखों पर भी खर्चा कर लेना

यह दीपावाली की रौनक हैं 

पटाखे, बच्चों को चलवा लेना  


छोटी छोटी सी बातें हैं 

पर हैं अनमोल बड़ी 

इन से ही त्यौहार सजा 

यही सुखद जीवन की घड़ी


आप सभी को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं 💐

माता लक्ष्मी और श्री गणेश जी की कृपा दृष्टि सदैव हम सब पर बनी रहे 🙏🏻🙏🏻

Saturday, 11 November 2023

Article: दीपावली पर पटाखे

 दीपावली पर पटाखे 



क्या कहते हैं आप सब, क्या दिल्ली में pollution level कम हो गया है?

क्या इस बार दीपावली में पटाखे जलाने की छूट मिल जाएगी?

इस बार तो पंजाब में पराली भी नहीं जल रही है...

और अगर जल भी रही है, तो उस पर atleast, pollution levels बढ़ाने का आरोप तो बिल्कुल भी नहीं लगाया जा रहा है।

वैसे यह तो रही, हमारी पृथ्वी की बात...

पर अगर बात ईश्वर की करें तो उनकी तरफ से तो हरी झंडी ही दिखाई दे रही है।

देखिए ना ईश्वर, अपने घर की खूब धुलाई करा रहे हैं, नतीजतन बिन मौसम, इतनी वर्षा हो रही थी कि दिल्ली क्या पूरा उत्तर प्रदेश भी pollution free होता दिख रहा है। 

और एक बात और पहले खूब बारिश कर के प्रदूषण नियंत्रण कर दिया, अब भरपूर धूप दे रहे हैं, जिससे पटाखे अच्छी तरह से सूख जाए और जब जलाया जाए तो खूब मस्त चलें।

अभी कुछ दिन बाद ही रामलाल के मंदिर का निर्माण अपनी भव्यता के साथ पूरा हो चुका है। शायद उसी से रामलाल प्रसन्न हैं और दीपावली के चंद दिनों पहले से ही खूब वर्षा कर के दिल्ली, यूपी सबको प्रदूषण से मुक्त कर दिया है। जिससे जैसा स्वागत उनके आने से अयोध्या में हुआ था। उससे भी ज्यादा स्वागत दीपावली के आने पर किया जाए। 

हर ओर फूल, तोरण से घर आंगन सजाया जाए, दीपों से हर शहर को जगमगाया जाए, पकवानों की खुशबू से हर गली को महकाया जाए और खूब सारे पटाखों की धूम धड़ाके से खुशियां मनाई जाए। 

जब यह सब हो, तभी तो लगता है कि दीपावली का पावन पर्व आया है, इनमें से कोई भी एक ना हो तो, सूनी रह जाती है दीपावली.. 


आप सभी को छोटी दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं 💐🙏🏻

Friday, 10 November 2023

Article : धनतेरस में क्यों खरीदते (बर्तन, सोना और झाड़ू )

आज से सबसे बड़ा त्यौहार दीपावली का प्रारंभ हो रहा है। यह पंच दिवसीय त्यौहार धनतेरस से प्रारंभ होकर भाईदूज पर पूर्ण होता है। हालांकि इस बार यह त्यौहार छः दिन में पूर्ण होता है।

कार्तिक माह (पूर्णिमान्त) की कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि के दिन समुद्र-मन्थन के समय भगवान धन्वन्तरि अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे, इसलिए इस तिथि को धनतेरस या धनत्रयोदशी के नाम से जाना जाता है। भारत सरकार ने धनतेरस को राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया है।  


धनतेरस में क्‍यों खरीदते (बर्तन, सोना-चांदी, झाड़ू) 


हम सब लोग, दीपावली में बर्तन, सोना-चांदी के आभूषण और झाड़ू सदियों से खरीदते आ रहे हैं। पर क्यों? आपने कभी सोचा? 

चलिए आज यही साझा करते हैं...


बर्तन खरीदने का कारण :

कहा जाता है कि समुद्र मंथन के दौरान जब भगवान धन्‍वं‍तरि प्रकट हुए तब उनके हाथ में पीतल का कलश था। ये दिन भगवान धन्‍वंतरि की पूजा करने का दिन है, उन्हें खुश करने का दिन होता है, इसलिए लोग उनकी कृपा का पात्र बनने के लिए इस दिन पीतल के बर्तन खरीदते थे। लेकिन समय के साथ पीतल के बर्तनों का चलन बंद सा हो गया और स्‍टील के बर्तन का चलन शुरू हो गया। इसलिए आज के समय में लोग बर्तन खरीदने की प्रथा तो निभाते हैं, लेकिन वे ज्‍यादातर स्‍टील के बर्तन खरीदते हैं।


क्‍यों खरीदा जाता है सोना-चांदी :

सोना-चांदी को धन माना जाता है और माता लक्ष्‍मी को धन की देवी कहा जाता है। मान्‍यता है कि धनतेरस के दिन अगर सोना-चांदी खरीदा जाए तो माता लक्ष्‍मी प्रसन्‍न होती हैं और घर में समृद्धि बनी रहती है। इसलिए लोग इस दिन सोने-चांदी के आभूषण खरीदते हैं‌।


झाड़ू खरीदने की वजह :

झाड़ू को लक्ष्‍मी का स्‍वरूप कहा जाता है क्‍योंकि ये घर की गंदगी को साफ करती है। गंदगी को दरिद्र माना गया है और जहां गंदगी होती है, वहां कभी लक्ष्‍मी नहीं रहतीं। इसलिए लोग धनतेरस के दिन झाडू लेकर आते हैं। दीपावली से एक दिन पहले यानी नरक चौदस को झाड़ू से घर की सफाई करते हैं और दरिद्र को दूर करते हैं। इसके बाद घर को बहुत सुंदर सा सजाकर माता लक्ष्‍मी के आगमन की तैयारी करते हैं और दीपावली के दिन विधिवत उनकी पूजा करते हैं।

तो चलिए आज के शुभ दिन में आप भी यह सब लाएं। माता लक्ष्मी और भगवान धन्वंतरि का आशीर्वाद प्राप्त करें 🙏🏻 

शुभ धनतेरस 🙏🏻