Monday, 21 September 2026

Article : Taxpayers - The Unsung Heroes

Tax एक ऐसी चीज़ है, जिसका नाम सुनते ही लोगों के पसीने छूटने लगते हैं, हर कोई यह सोचने लगता है कि कैसे क्या किया जाए कि tax से छूटकारा मिल जाए…

पहले समझ लेते हैं कि tax होता क्या है और यह क्यों ज़रूरी होता है।


Tax मतलब “कर”, यह एक compulsory amount या financial charge है जो किसी भी सरकार द्वारा किसी व्यक्ति या organisation पर लगाया जाता है…
Taxpayers - The Unsung Heroes


अब जान लेते हैं कि क्यों है tax collection इतना ज्यादा ज़रूरी क्यों है?

दरसअल tax collection के पैसों से ही सर्वोत्तम सुविधाएँ और बुनियादी ढाँचा प्रदान करने वाले सार्वजनिक कार्यों को किया जाता है।

मतलब, better infrastructure; जैसे सड़क, पुल, इत्यादि।

हालांकि हमारे देश में महज 6% taxpayers हैं, जिनमें से भी 5.5% पर तो zero tax है (Salary≤₹12 LPA).

2020-21 में आखिरी बार सार्वजनिक हुए आंकड़ों के मुताबिक, देश की कुल 132 करोड़ की population में 8.22 करोड़ taxpayers थे।

इनमें 7.5 करोड़ zero tax के दायरे में थे। वहीं, एक बड़ी आबादी मोटी कमाई करने के बावजूद कोई tax नहीं चुका रही। न सिर्फ सरकार बल्कि कई economist भी इस पर चिंता जता चुके हैं।

ऐसे में लगभग 1.5 करोड़ taxpayers के दम पर ही केंद्र सरकार को income tax collection करना पड़ रहा है।

USA (United States of America) में 60% population income tax भरती है, इसलिए ही उनके पास देश की सुरक्षा और सुदृढ़ता के लिए अधिक पैसा है।

देश के income tax collection में 48% हिस्सेदारी UP-बिहार और MP समेत 5 राज्यों की है। 

केंद्र द्वारा total tax collection में राज्यों के हिस्से 10.21 लाख करोड़ रुपये आते हैं। 

इसमें UP 1.8 लाख करोड़ रुपए यानी 18% की हिस्सेदारी के साथ पहले स्थान पर आता है।

बिहार की 10%, मध्यप्रदेश की 8% और महाराष्ट्र-राजस्थान की 6-6% है। जबकि हर साल 11% की रफ्तार से बढ़ रहे हैं करोड़पति।

Report के मुताबिक देश में एक साल के अंदर 7 करोड़ से ज्यादा संपत्ति वाले 11% बढ़कर 4.58 लाख हो गए।

Finance minister द्वारा राज्यसभा में दिए विवरण के मुताबिक साल 2021-22 में 10 लाख से एक करोड़ रुपये कुल income वाले लोग 77 लाख हो गए।

जब लोगों की paying capacity बढ़ रही है, तो उतनी तेज़ी से सरकार के पास पैसे एकत्रित क्यों नहीं हो रहे हैं?

पता है, क्यों? क्योंकि अमेरिका जैसी सुरक्षा, सुदृढ़ता और सुविधाएं तो सबको चाहिए, पर tax कोई नहीं देना चाहता है।

वहीं देश के कुछ नागरिक हैं, जो नियम से और समय से tax pay कर रहे हैं। जानना चाहते हैं, वो कौन लोग हैं?

Government employees. जी हाँ, आपने एकदम सही सुना। इन्हें अगर unsung heroes कहा जाए, तो कोई अतिशयोक्ति नहीं होगी।

ऐसा इसलिए क्योंकि यही हैं, जिनके दिए हुए tax से ही देश का निर्माण; जैसे पुल, सड़क, रेलवे station आदि बनते हैं। 

इनके लिए हुए tax से ही गरीबों को subsidy दी जाती है, उन्हें दुनिया-भर के सामान जैसे मुफ्त ration, hospital facilities और घर मिलते हैं।

पर यह कहाँ का न्याय है कि ख़र्चा एक व्यक्ति उठाए और सुविधा सबको एक-सी दी जाए? कुछ तो विशेष सुविधाओं पर केवल taxpayer का अधिकार होना चाहिए।

सुविधाएँ तो छोड़ दीजिए, taxpayer को इसके लिए न‌ कोई विशेष सम्मा दिया जाता है और न उनकी बढ़ाई की जाती है, कि “यही वो देश के नागरिक हैं जिनके कारण देश सुरक्षित और सुदृढ़ है।”

पर सरकार से यह निवेदन है कि taxpayers को विशेष सम्मान दिया जाए, उनके बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए विशेष schemes लाई जाएँ। कुछ सुविधाएं केवल taxpayers को प्रदान की जाएं। 

जब सरकार इस बात को अपने cognizance में लेगी, तब न केवल tax चोरी होना बंद होगा, बल्कि लोग आगे आएंगे tax pay करने।

और यह तो बताने की आवश्यकता नहीं है, जितना अधिक tax सरकार के पास होगा, उतना ही अधिक पैसा देश‌ की सुरक्षा और सुदृढ़ता के लिए होगा।

तब तक Taxpayers- The Unsung Heroes के लिए हमारा salute, “आप ही हैं देश की असली ताकत, आप हैं इसलिए ही देश सुरक्षित है, सुदृढ़ है।”

Friday, 18 September 2026

Recipe : सेव टमाटर की सब्जी

आज आपके लिए एक ऐसी recipe share कर रहे हैं, जो कि एक नहीं बल्कि दो-दो states की delicacy है।‌

इसकी एक खासियत यह भी है कि जब घर में सब्जी न हो, तब भी आप इसे घर में बना सकते हैं। उसके साथ ही यह instantly और easily prepare होने वाली dish है। 

और taste? वो तो बहुत ही बढ़िया है…

सेव टमाटर की सब्जी


Ingredients :

  • Tomatoes (red & ripe) - 4 (medium)
  • Ratlami sev - 1 cup 
  • Clarified butter (ghee) -  2 to 3 tbsp.
  • Small mustard seeds - ½ tsp.
  • Cumin seeds - ½ tsp.
  • Asafoetida - ¼ tsp.
  • Onion - 1 (medium)
  • Ginger - 1 inch 
  • Garlic - 4 to 6 cloves 
  • Green chillies - 2/as per taste 
  • Kasuri methi - 1 tsp.
  • Turmeric powder - ½ tsp. 
  • Kashmiri Lal Mirch - 1 tsp. 
  • Coriander powder - 1 tsp.
  • Salt - as per taste 
  • Sugar - ½ tsp.


Method :

  1. प्याज़ और हरी मिर्च को finely chop कर लीजिए।
  2. 2 टमाटर, लहसुन और अदरक को mixer grinder में डालकर fine paste बना लें।
  3. 2 टमाटर को coarsely chop कर लीजिए।
  4. 1 wok लीजिए, उसमें घी डालकर गर्म करें। अब गर्म घी में हींग, राई और जीरा डालकर चटकाएं।
  5. अब इसमें finely chopped प्याज डालकर सुनहरा होने तक पकाएं। अब इसमें कटे टमाटर और हरी मिर्च को डालकर हल्का-सा भून लें।
  6. अब इसमें हल्दी powder, कश्मीरी लाल मिर्च powder, धनिया powder, कसूरी मेथी, नमक और चीनी डालकर थोड़ा-सा भूनें।
  7. अब इसमें टमाटर-लहसुन-अदरक के paste को डालकर तब तक भूनें, जब तक मसाला घी छोड़ने लगे।
  8. अब इसमें 1½ cup पानी डालकर ढककर पकाएं।
  9. टमाटर की gravy में proper texture आ जाने पर gas off कर दीजिए।
  10. Serving से पहले गर्म टमाटर gravy में रतलामी सेव डालकर अच्छे से mix कीजिए।
  11. अब इसमें finely chopped धनिया पत्ती से garnishing कर दें। 

The irresistible delicacy Sev Tamatar ki Sabzi is ready to serve! Enjoy it as it is, with Bhakri (millets/multigrain roti), Chapati, or rice.


Tips and Tricks :

  • सेव टमाटर की सब्जी राजस्थान और गुजरात दोनों states की delicacy है।जहाँ राजस्थानी सब्जी का flavour spicy होता है, वहीं गुजराती सब्जी का flavour sweet और sour होता है, क्योंकि इसमें गुड़ या चीनी भी ठीक amount में पड़ता है।
  • राजस्थानी (मारवाड़ी) सब्जी में घी डालते हैं, जबकि गुजराती सब्जी में घी या तेल दोनों में से कुछ भी ले सकते हैं।
  • राजस्थानी flavour में प्याज़, लहसुन व अदरक डालते हैं, specially लहसुन को अधिक मात्रा में डालते हैं। वहीं गुजराती flavour में बिना प्याज़-लहसुन के भी बनाई जाती है।
  • आप को जो flavour (राजस्थानी या गुजराती) ज्यादा पसंद हो, अपने taste के according वैसी बना सकते हैं।
  • इसे गुजराती (काठियावाड़ी)में सेव तमेटा नू शाक (sev tamatar ki sabji) भी कहते हैं और राजस्थानी(मारवाड़ी) में सेव टमाटर री सब्जी कहते हैं।
  • इसमें टमाटर लाल और पके हुए लीजिएगा, क्योंकि उससे ही authentic taste आएगा।
  • आपको टमाटर खड़े (bite texture) या गले जैसे पसंद हों, उसके अनुसार टमाटर के टुकड़ों को पकाएँ। दोनों ही तरह से serve किए जाते हैं। 
  • कहीं-कहीं इसमें दही, करी पत्ता इत्यादि भी डालते हैं, पर authentically नहीं।
  • हमने इसे घी से बनाया है, इससे सब्जी का स्वाद enhance हो जाता है, आप चाहें तो तेल में भी बना सकते हैं। 
  • पर ध्यान रखिएगा कि इस सब्जी का मसाला तब तक भूनते हैं, जब तक अगर घी डालकर बना रहे हैं तो घी छोड़ेगा और अगर तेल डालकर बना रहे हैं तो तेल छोड़ेगा।
  • ध्यान रखिएगा, जब कभी आप मसाले में टमाटर puree डालकर भून रहे हैं, तो उसे बीच-बीच में ढककर भूनेंगे तो वो जल्दी घी या तेल छोड़ता है। इस तरह से छूटे हुए घी या तेल को रोगन कहते हैं।
  • आप मसाले में नमक डालते समय ध्यान रखिएगा कि सेव में भी नमक है, तो सही amount में नमक डालें, अन्यथा ज्यादा नमक हो जाएगा।
  • हमने राजस्थानी (मारवाड़ी) flavour की सब्जी बनाई है, पर ½ tsp. sugar भी डाली है। आप चाहें तो इसे discard कर सकते हैं। पर इतनी चीनी से टमाटर की खटास और spicy flavour balance होते हैं। स्वाद में मिठास नहीं आती है, बल्कि taste enhance होता है।
  • आप चाहें तो चीनी की जगह गुड़ भी डाल सकते हैं। पर एक बात ध्यान रखिएगा कि अगर आप गुजराती flavour चाह रहे हैं, तो चीनी या गुड़ का amount बढ़ा कर इतना डालना है कि सब्जी में मिठास भी आए।
  • रतलामी सेव से ही perfect taste आता है, जो‌ कि online भी बहुत easily available है। लेकिन अगर आप के पास रतलामी सेव न हो, तो आप इस सब्जी के लिए मोटे‌ सेव use कीजिएगा।
  • रतलामी सेव, अपने आप में काफ़ी spicy flavour के होते हैं। इसलिए सेव टमाटर की सब्जी बनाने से पहले सेव चख लें और उसके अनुसार ही टमाटर की gravy में spice डालें। 
  • जिससे सब्जी आपके taste के according spicy बने, न‌ कि overspicy.
  • सब्जी में सेव डालकर ज़्यादा देर रखने से सब्जी रसेदार से सूखी में बदल जाती है। सेव गलकर मुलायम हो जाएँगे, घुल जाएँगे, जिससे सारा taste spoil हो जाएगा।
  • इसलिए serve करने से पहले एक बार gravy अच्छे से गर्म कर लें और जब आप खाना खाने बैठ गए हों, तभी सेव डालकर अच्छे से चला लें। और सिर्फ उतनी gravy में सेव डालें, जितनी तब use हो।
  • आप gravy बनाकर दो-चार दिन के लिए refrigerator में store करके रख सकते हैं। 
  • Gravy को थोड़ा पतला ही बनाएँ, क्योंकि सेव डालने से gravy गाढ़ी होने लगती है।
  • Gravy का amount थोड़ा बढ़ा कर रखें, क्योंकि सेव डालते ही वो gravy को soak करना शुरू कर देती है।

इतनी आसान थी सेव टमाटर की सब्जी, खुद भी खाएँ और दूसरों को भी खिलाएँ यह “instant delicacy”! 

Thursday, 17 September 2026

Poem : आपदा को अवसर

भारत के प्रधानमंत्री आदरणीय नरेंद्र दामोदरदास मोदी जी एक प्रेरणास्रोत हैं। उनकी जीवन यात्रा अत्यंत कठिन रही है, फिर भी वो डिगे नहीं, डटे रहे और उन्होंने वो प्राप्त किया जो आसान नहीं था।

उनके जन्मदिवस पर यह कविता उनकी ऊर्जा और शक्ति को समर्पित है। इस का मुख्य कारण उनका शांति से हर कठिनाई से जूझना है और उनके जीवन का एक मूलमंत्र है।

आज उसी को कविता में पिरोया है। इसका सार समझने का प्रयास कीजिएगा, तो जीवन में सफल होंगे यह सुनिश्चित है…

आपदा को अवसर



जीवन कठिन है,

कठिनता ही जीवन है। 

हम इस बात को,

भूल क्यों जाते हैं?

थककर, बैठकर,

उसे कोसते क्यों जाते हैं?

उससे कुछ हल नहीं होगा,

नए जोश के साथ,

चलो, उठो, लड़ो। 

और आओ मन में, 

नया उत्साह जगाते हैं।

जो दे न सकी ज़िंदगी, 

उसे छीनकर लाते हैं। 

चलो इस आपदा को 

अवसर बनाते हैं…


आज की इस कविता को पढ़कर, बहुत से लोग हमें मोदी भक्त कहेंगे, तो कोई अंधभक्त, तो कुछ शायद चाटुकार भी बोल दे।

उनकी सब बातें हमारे लिए कोई मायने नहीं रखती है। ऐसा इसलिए क्योंकि यह कविता मोदी जी पर नहीं, बल्कि उनके अथक प्रयासों और परिश्रम के ऊपर आधारित है।

नमन है एक ऐसे मनुष्य को जिसने साबित कर दिया कि परिश्रमी मनुष्य सफलता के शिखर पर अवश्य पहुंचता है।

अगर आप कविता का सार समझेंगे तो अवश्य ही जान जाएँगे कि यह कविता प्रेरणा स्रोत की ज्योति है, जिसने अपने अंदर जला ली वो सफल अवश्य होगा…