Thursday, 12 October 2023

Poem : आप बिन

आज आपका जन्मदिन है, आप साथ होकर भी साथ नहीं हैं। हर दिन आप की याद आती है, पर इस दिन तो लगता है, कि एक दिन के लिए ही सही पर आपका वही सानिध्य, वही प्यार एक बार फिर मिल जाए। आपकी गोद में फिर से बचपन जी लें....

आप बिन



आप हैं साथ

पर आप बिन 

एक तपिश सी है 

जिंदगी ने दिया है

बहुत कुछ

पर आप बिन 

एक ख़लिश सी है 

कहते हैं सब 

पिता ना रहें साथ

पर साथ ही रहते हैं 

वो ईश्वर के घर से भी

हमारी खुशियों की

परवाह करते हैं ।

पर मौजूदगी बिन 

एक खालीपन 

तो रहता ही है 

अपनी बात कहने

और आपकी सुनने को 

दिल करता ही है 

वो आवाज़, वो हंसी 

आज भी गूंजती है कानों में

जब कोई आवाज लगाता है

पापा को अपने 

तन्हा, मेरा दिल रोता ही है

आप हैं साथ

पर आप के बिन 

एक तपिश सी है 

जिंदगी ने दिया है

बहुत कुछ

पर आप बिन 

एक ख़लिश सी है 


Miss you Papa 💔🙏🏻 


आप सब में से जिसके भी माँ या पापा  ईश्वर में लीन हो गए हैं, शायद उन सबके भी यही भाव हों 😔

Tuesday, 10 October 2023

Article: Secret of Mental Health

Secret of Mental Health 




आज world mental health day है। इस topic पर हम आपसे पहले भी चर्चा कर चुके हैं जिसमें mental health से related बहुत कुछ हम लोगों ने discuss किया था। अगर आप उसको जानना चाहते हैं, तो विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर click करें

आजकल जिस-किसी से बात करो, हर एक को कुछ-ना-कुछ mental stress तो रहता ही है। पहले तो यह stress बड़ों में ही रहा करता था, पर आजकल तो बच्चों को भी बहुत ज़्यादा mental stress रहने लगा है। 

आपने कभी सोचा कि क्यों बच्चों को इतना mental stress रहने लगा है?

हम माँ-बाप कि बढ़ती हुई महत्वकांक्षाओं और बहुत अधिक facilities मिलने के कारण। 

पर सबसे बड़ा कारण है Mobile, tablet and laptop etc...

इस तरह के gadgets बच्चों में बहुत अधिक mental stress develop कर रहे हैैं।

जितना ज़्यादा , इस तरह के gadgets, उतना ज़्यादा stress. दूसरे शब्दों में childhood stealer...

आपको याद है अपना बचपन, जब mobile, tablet, laptop नहीं हुआ करता था? तब हम कितना दौड़ते थे, भागते थे, मस्ती करते थे, पूरी धरती हमारा खेल का मैदान होता था और पूरा आकाश मस्ती का भंडार...

तब हमें अपनी खिलखिलाहट भी सुनाई पड़ती थी और चिड़ियों कि चहचहाट भी। पर अब यह सब कहाँ?

तब दिन और रात में कुछ ज़्यादा अंतर नहीं था। हर समय stress free होता था।

उस समय मासूमियत भी ज़्यादा थी, physical growth भी अच्छी थी, mental growth भी और आपस की bonding भी।

आजकल के बच्चों का दायरा सिमटता आ रहा है। एक कुर्सी, एक पलंग और मात्र एक कमरे तक। 

और सिमटती जा रही है उनकी bonding, मात्र इस तरह के gadgets के साथ।

कहने को तो वो internet के through पूरी दुनिया से जुड़े हुए हैं पर वास्तविकता तो यह है कि virtually। 

सच मानिए, ज़िंदगी को खुशनुमा बनाना है तो सबसे पहले अपने बच्चों का बचपना संवारिए।

उसके लिए उनको इस तरह के gadgets  देना बंद कीजिए और जोड़िए उन्हें उनके अपनों से, उनके रिश्तेदारों से, उनके दोस्तों से और सबसे important अपने आप से। 

इस तरह के gadgets उन्हें औरों के साथ-साथ आपसे भी दूर करता जा रहा है। 

पर उसके लिए एक काम और करना होगा कि आपको अपना भी gadgets time का एक schedule बनाना होगा, कि जब बच्चे आप के आसपास हों तो आपका time उनके लिए खाली रहे। ना की इस तरह के gadgets में आप busy रहें।

ऐसा कर के देखिए, उनका और आपका, दोनों का ही mental stress कम होगा और love bonding ज़्यादा।

कम शब्दों में  कहें तो love bonding ही mental stress को कम करने का सबसे important factor है। 

सबके साथ रहिए, खुश रहिए और ज़िंदगी को सही मायने में enjoy कीजिए। आज भी और हमेशा ही आपकी mental health को improve करने की secret key यही है।

Happy world mental health day

Monday, 9 October 2023

Article: Asian Games 2023

Asian Games 2023

Asian Games 2023 का आयोजन चीन के  हांगझोऊ में हुआ, जो कि 23 September से 8 October तक चला। India समेत बहुत से एशियाई देशों ने इसमें भाग लिया था। 

हालांकि इस का आयोजन 2023 में हुआ है, पर यह है एशियाई खेल 2022... 

Actually इसका आयोजन होना, 2022 में ही था, लेकिन COVID-19 के कारण वह सम्भव नहीं हो सका। अतः आयोजन 2023 में किया गया लेकिन players को‌ trophy 🏆 और medals 🏅 2022 के ही दिए जा रहे हैं।

हर बार की तरह first China, second Japan and third South Korea ही रहा...

जब सब पहले सा ही रहा तो इसमें लिखने जैसा क्या है?

है ना...

हमारे देश के खिलाड़ियों का record तोड़ performance और उनकी शानदार जीत... जिसने भारत को medals table में चौथे स्थान पर पहुंचा दिया।

केन्द्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री श्री अनुराग सिंह ठाकुर, अपने सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों के साथ Asian games में जाने से पहले यह नारा लगा रहे थे कि "अबकी बार सौ के पार"...

उन्हें अपने खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर पूर्ण विश्वास था कि वो इस नारे को पूरा कर के आएंगे और जो विश्वास था वो सही सिद्ध भी हुआ।

भारतीय athletes ने एशियन गेम्स में पहली बार 100 से अधिक medals जीते हैं। 28 gold, 38 silver, और 41 bronze के साथ भारतीय खिलाड़ियों ने कुल 107 medals देश के नाम किए हैं। 72 साल के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है जब भारत ने medals का आंकड़ा 100 के पार किया है। 2018 में भारत ने सबसे अधिक 70 मेडल जीते थे। इस बार के Asian games में 34 भारतीय खिलाड़ी ऐसे थे जिन्होंने अपने बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर एक से अधिक medals जीत कर medals table में भारत का शतक पूरा किया है। एक से ज्यादा medals जीतने वालों में shooters सबसे आगे रहे।

भारत से खिलाड़ी तो पहले भी जाते थे, पर वह उतने total medals भी नहीं ला पाते थे, जितने इस बार gold medals मिले हैं। और gold medals... वो तो यदा-कदा ही मिलते थे। याद ही होगा आपको...

ऐसा क्यों? क्या पहले के खिलाड़ी कम योग्य थे? 

नहीं, बिल्कुल भी नहीं...

पर तब उनके पास, अपनी प्रतिभा को निखारने के लिए उपयुक्त प्रशिक्षण नहीं मिलते थे, साथ ही प्रतिभा को प्रदर्शित करने के अवसर भी कम मिलते थे।

जबकि अब उपयुक्त प्रशिक्षण और अवसर पूर्ण रूप से प्रदान किए जा रहे हैं। साथ ही खिलाड़ियों के बेहतरीन खेल प्रदर्शन से देश को मिलने वाले सम्मान के प्रतिउत्तर में उन्हें अच्छे पद और धन-धान्य भी दिया जा रहा है। 

आप कहेंगे कि प्रतिउत्तर में अच्छे पद और धन-धान्य तो हमेशा से ही दिए जाते थे।

बिल्कुल दिए जाते थे, पर प्रतिभा निखारने के लिए प्रशिक्षण और प्रतिभा को प्रदर्शित करने के लिए अवसर, अब ज्यादा दिए जा रहे हैं... 

साथ ही एक और बात, जिसे बहुत से लोग ना तो waitage देंगे, ना मानेंगे और वो है, हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के द्वारा खिलाड़ियों को मिलने वाला प्रोत्साहन, और साथ ही केन्द्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री श्री अनुराग सिंह ठाकुर जी का खिलाड़ियों में जोश, उम्मीद और विश्वास का जज्बा भरने का हुनर... 

आप मानेंगे नहीं, पर विश्वास मानिए, प्रेरित करने वाले शब्द, जो काम करते हैं, उससे बढ़कर कुछ नहीं होता है।

आप अपने बच्चों द्वारा किए गए कार्यों को प्रोत्साहित कर के देखिएगा, उनके performance में बहुत ही postive effect आएगा। 

हमारे देश के खिलाड़ियों के बेहतरीन प्रदर्शन ने चीन में हमारे तिरंगे का बहुत मान बढ़ाया है। 

कुछ खिलाड़ियों का तो पहले से ही निर्धारित था कि वो हमारे भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं तो, gold medal तो India को मिलना ही था। 

पर उनके अलावा भी और भी बहुत से खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन ने हम सब भारतीयों का दिल जीत लिया, हमें गौरवान्वित किया। जिसमें कुछ खिलाड़ियों का प्रदर्शन तो रिकॉर्ड तोड़ रहा, और उन्होंने एक से अधिक medals जीतकर भारत को मिलने वाले medals का आंकड़ा सौ के पार पहुंचा दिया...


2 players ने जीते 4 medals

एशियन गेम्स में 2023 में एशियन गेम्स 2023 में शूटर ऐश्वर्य प्रताप सिंह इकलौते ऐसे पुरुष खिलाड़ी रहे जिन्होंने 4 मेडल अपने नाम किए। उन्होंने 2 गोल्ड, एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज मेडल जीत इतिहास रच दिया। ऐश्वर्य ने 2 गोल्ड मेडल टीम इवेंट में जीते। वहीं सिंगल इवेंट में उन्होंने एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज मेडल जीता।

वहीं, महिला शूटर ईशा सिंह ने भी 4 मेडल जीते. उन्होंने एक गोल्ड और 3 सिल्वर मेडल अपने नाम किए। उन्होंने एक गोल्ड और एक सिल्वर टीम इवेंट में जीता व 2 सिल्वर मेडल सिंगल इवेंट में अपने नाम किए।


4 players ने जीते 3 medals

4 भारतीय खिलाड़ी ऐसे रहे जिन्होंने 3-3 मेडल हासिल किए. तीरंदाजी में ओजस देवताले ने 3 गोल्ड, आर्चरी में ही ज्योति सुरेखा वेन्नम ने 3 गोल्ड, शूटिंग में आसी चाैकसे ने 2 सिल्वर, एक ब्रॉन्ज और 2 सिल्वर व एक ब्रॉन्ज मेडल वी रामराज ने एथलेटिक्स में अपने नाम किए।


28 players ने जीते 2 medals

वहीं बात करें 2-2 मेडल्स की तो 28 खिलाड़ियों ने ये कारनामा किया. स्क्वाश में हरिंहर संधू ने 2 गोल्ड, एथलेटिक्स में पारुल चौधरी में एक गोल्ड, एक सिल्वर, स्क्वाश में ही सौरभ घोषाल ने एक गोल्ड, एक सिल्वर, शूटिंग में पलक ने एक गोल्ड, एक सिल्वर और एथलेटिक्स में राजेश रमेश ने एक गोल्ड और एक सिल्वर अपने नाम किया।

इसके साथ ही क्रिकेट, हॉकी, भालाफेंक, फुटबॉल, कबड्डी, की पुरुष और महिला दोनों ही वर्ग में भी gold medals मिले हैं। 

भारत की जीत तो जहां हो, गर्व की बात है। पर अगर वो ज़मीन हमारे प्रतिद्वंद्वी की हो तो बात ही क्या... 

सच जब चीन में हमारा राष्ट्रीय गान शान से बजता था और तिरंगे को सम्मान मिलता था, तो एहसास होता है, अपने विश्व विजयी होने का, अपने शक्तिशाली होने का...