Saturday, 25 May 2019

Story Of Life : उड़ान (भाग -3)


अब तक आपने पढ़ा, पाखी एक बहुत ही चुलबुली, ज़िंदादिल लड़की है, जिसका master chef  बनने का सपना था। पाखी पर उसकी गली का आवारा लड़का सिराज बुरी नज़र रखे है । जब पाखी उससे शादी करने के प्रस्ताव को ठुकरा देती है, तो वो उसे पत्थरों के ढेर पर गिरा देता है, जिससे उसके हाथ की हड्डी टूट जाती है। जिससे पाखी बहुत मायूस हो जाती है, पर प्यारे चाचा की जोश भरी बातों से पाखी के मन में ज़िन्दगी को फिर से जीने की इच्छा जाग जाती है...... 
अब आगे...
उड़ान (भाग -3)

प्यारे चाचा की बातों ने पाखी के पंखों में नयी जान फूँक दी थीअब पाखी जुट गयी, अपने सपनों को साकार करने में। 

अथक परिश्रम से मात्र 6 महीनों में पाखी ने उल्टे हाथों से भी बहुत अच्छा खाना बनना शुरू कर दिया। साथ ही अब वो देश-विदेश सभी जगह की dish बनाने में माहिर हो गयी।

अगले master chef में वो ही first आई। जितने से जो राशि उसे मिली, उससे उसने उड़ान नाम का बहुत बड़ा होटल बनाया। 

और चंद सालों में ही उसके होटल का भी बहुत नाम हो गया। अब तो उसने अपने hotel की chain भी बनानी शुरू कर दी।

आज उसके लिए बहुत बड़े बड़े घरों से रिश्ते आ रहे थे। 

वो सिराज़ के पास गयी, उसने उसे जाकर बताया, तुम्हें पता ही होगा, मैंने अपना भविष्य बना लिया है। आज दुनिया भर के लड़के मुझ से शादी करना चाहते हैं।

तुमने मेरा एक पंख तोड़ कर मुझे निरीह बना दिया था। पर 
जिस पाखी के पास प्यारे चाचा हों, वो अपने सपनों की उड़ान जरूर भरती है। 

उन्होंने ही मुझे सिखाया, कि पंखों से नहीं हौसलों से उड़ान भरते हैं।

अगर तुम दूसरों को सताना छोड़ दो, तो मैं तुम्हारे सपनों को भी पूरा करने के लिए मदद अवश्य करूंगी। 

सिराज़ की आँखों में पछतावा साफ झलक रहा था। उसने पाखी से कहा, तुम मुझे माफ कर दो, तुम जो भी काम दोगी, मैं पूरी लगन से करूंगा। 

साथ ही अब से किसी भी पाखी के पंखों को कमजोर नहीं करूंगा।

Friday, 24 May 2019

Poem : मोदी RETURNS

माननीय प्रधानमंत्री श्री मोदी जी को शानदार जीत पर  अनेकानेक शुभकामनाएं एवं हार्दिक बधाई
मोदी  RETURNS 

पल पल था इंतज़ार
जिस पल का,
आज वो पल आया है।
हर हर मोदी
घर घर मोदी
का नारा,
सबने लगाया है।
मोदी जी को ही सबने
नायक, पुनः बनाया है।

दायित्व शेष नहीं होता
केवल, वोट को देने से;
काज पूर्ण नहीं होता
केवल, एक के होने से।
वोट दिया है, उनको तो
सहयोग भी, अब देना होगा;
मोदी जी! आप बढ़ो आगे
साथ हमें भी, पाओगे।
है, आस और विश्वास
आज पूरे भारत को;
फिर से सोने की चिड़िया,
भारत को आप बनाओगे।

Wednesday, 22 May 2019

Story Of Life : उड़ान (भाग -2)

अब तक आपने पढ़ा, पाखी एक बहुत ही चुलबुली, ज़िंदादिल लड़की है, जिसका master chef  बनने का सपना था। पाखी पर उसकी गली का आवारा लड़का सिराज बुरी नज़र रखे है जब पाखी उससे शादी करने के प्रस्ताव को ठुकरा देती है, तो वो उसे पत्थरों के ढेर पर गिरा देता है, जिससे उसके हाथ की हड्डी टूट जाती है। 
अब आगे....... 

उड़ान (भाग -2)



सिराज के जाने के बाद पाखी ने उसकी बात पर ध्यान दिया।
सचमुच उसके सीधे हाथ की हड्डी टूटने से उसके सारे सपने चकनाचूर हो गए थे। साथ ही सीधे हाथ के कारण वो अपना ही काम नहीं कर पा रही थी, तो भला कोई क्यों उसका साथ चाहता?   

अब बेजान सी पाखी यूँ वक़्त गुजारने लगी, मानों किसी ने उसके पंख ही काट दिये हों।

बहुत दिनों से पाखी cyber नहीं आ रही थी। इसलिए प्यारे चाचा उसके घर पहुँच गए। 

जब वो पाखी से मिले, तो ज़िंदगी से बुझी पाखी को देख कर उन्हें बहुत दुख हुआ। उन्होंने पाखी के सर पर बड़े प्यार से हाथ फिराया, और बोले, क्या हुआ पाखी तुम्हें? अब recipes नहीं सीखनी है?

उनकी तरफ देखकर पाखी बोली, अब क्या करूंगी चाचा? उसकी आँखें आँसूओं से भरी हुई थी।

चाचा बोले, ये तुम बोल रही हो पाखी? जिसका सपना आसमान छूना था। सपनों की उड़ान पखों से नहीं हौसलों से होतीं है बेटा। अगर तुम हिम्मत नहीं हरोगी, तो अब भी आसमान दूर नहीं है।

पाखी कभी प्यारे चाचा की तरफ कभी अपने टूटे हाथ की तरफ देख रही थी। प्यारे चाचा बोले, तुम्हारे सीधे हाथ की सिर्फ हड्डी टूटी है, ज़िंदगी नहीं रुकी है। उसे तुम यूँ हार कर रोके हुई हो। 

अभी तुम चाहो तो, सब हासिल कर सकती हो। अगर तुम अपने आप पर अब भी भरोसा कर सको, तो कल cyber आ जाना।

अगले दिन पाखी cyber पहुँच गयी, प्यारे चाचा की बातों ने उसके मन में नयी उम्मीद जगा दी थी। पाखी को देख कर प्यारे चाचा बोले, काम कठिन है पर नामुमकिन नहीं।

जो तुम अच्छा खाना बना लेती हो, उसमें तुम्हारे हाथ से ज्यादा तुम्हारी लगन काम करती है। 

तुम्हारा उल्टा हाथ एकदम ठीक है, तुम्हें अब उसी से ऐसे काम करने की आदत डालनी होगी, जैसे तुम सीधे हाथ से करती थी। साथ ही साथ सीधे हाथ में भी इतनी मजबूती लानी होगी, कि वो सहयोगी बन जाए। 

और मेरे बच्चे, जीतता वही है जो जीतने के लिए जुझारू रहता है। रुकने और झुकने वाले को जीत नहीं मिलती।

प्यारे चाचा की जोश भरी बातों ने पाखी के मन में नयी उमंग जगा दी थी, तो क्या उससे पाखी अपना सपना सच कर सकी? जानते हैं उड़ान (भाग-3) में