Tuesday, 25 October 2022

Recipe: Gulab jamun Icecream

दीपावली का त्यौहार, मतलब मिठाइयों का अंबार, और घर में सब मिठाइयां खाकर, उकताने लगते हैं; फिर जिसको भी मिठाई offer करो, बच्चे हो या बड़े, बुढ़े हों या जवान, सब कतराने लगते हैं। 

पर आज हम आपको जो sweet dish की recipe बताने जा रहे हैं, उसे सब आप से बार-बार मांगने चले आएंगे।

आज हम आपको ऐसी recipe बता रहे हैं, जिसमें एक twist है। 

उससे आपकी मिठाई भी ख़त्म हो जाएगी और घर के सारे लोग आप से उस sweet dish को बार-बार मांगेंगे भी...

वो dish है, गुलाब जामुन आइसक्रीम...

जिसमें गुलाब जामुन की स्वादिष्ट मिठास है और आइसक्रीम का मज़ा भी

गुलाब जामुन आइसक्रीम



Ingredients 

Gulab jamun (small) -  12

Non dairy whip cream - 1 Cup 

Vanilla essence - 2 to 4 drop. 

Dry fruits - according to your taste (optional)


Method 

  1. Non dairy whip cream को stiff peaks आने तक whip कर लीजिए।
  2. अब इसमें Vanilla essence डालकर अच्छे से mix कर लीजिए। 
  3. Dry fruits को coarsely cut कर के dry roast कर लीजिए।
  4. 6 गुलाब जामुन को vertically, cut कर लीजिए। 
  5. जिस भी container में आप को ice-cream बनानी है, उसमें whipped cream की एक layer लगाएं, फिर उसमें गुलाब जामुन की layer लगा दीजिए; फिर एक layer ice-cream लगाएं। उसके ऊपर कटे हुए dry fruits डाल दें और garnish करें।
  6. अब इसे 2 hours के लिए freezer में set होने के लिए रख दीजिए।
  7. Serve करने के time, icecream के scoops serve कीजिए। 
  8. हर serving को एक छोटे गुलाब जामुन से decorate कर दीजिए।

तो सोचना क्या है, आज ही बनाएं और सब का दिल जीत जाएं...

Monday, 24 October 2022

Poem : इस बरस दीपावली में

 इस बरस दीपावली में 



इस बरस दीपावली में

लक्ष्मी माता, इतना कर देना

सुख समृद्धि प्रेम उल्लास रहे 

हर घर में खुशियां भर देना 


हर घर दीप प्रज्जवलित हों

हर ओर रोशनी जगमग हो

हर कोई दीप जला सके 

इतना तेल हर घर में हो 


हर कोना फूलों से महके 

हर चौखट फूलों से सज जाए 

चहरे खिलें दिखें सबके 

ना कोई अभाव में मुरझाए 


हर घर में पकवान रहे 

सब को छठ रस मिल जाए

सबको भरपेट भोजन मिले 

कहीं कोई ना भूखा रह जाए 


चकरी, फूलझड़ी, अनार 

हर बच्चे को मिल जाए 

खुशियों से हर बच्चा चहके 

नीरसता ना कहीं आए


इस बरस दीपावली में

हे गणेश जी, इतना कर देना

सफल रहें हर ओर सभी

हर एक को उन्नत कर देना


ना आए कोई महामारी

ना रहे किसी को लाचारी

स्वस्थ रहें हर ओर सभी 

सबको सुरक्षित कर देना  


इस बरस दीपावली में

बस इतना सा कर देना

हे गणेश जी, हे लक्ष्मी माता

हर घर में खुशियां भर देना 


आप सभी को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ 💐🎉 

Sunday, 23 October 2022

Poem : उसकी कैसी दीवाली

आज आप सब के साथ मुझे भोपाल के मेज़र नितिन तिवारी जी की कविता को साझा करते हुए अपार प्रसन्नता हो रही है।

आज नितिन जी की लेखनी में वो दर्द उभर कर आया है, जो कि हर भारतीय सैनिक के मन में उठता है। क्योंकि दुश्मनों से लड़ने वाले वीर फ़ौजी, त्यौहारों में अपने परिजनों से दूर रहने पर कुछ पलों के लिए बेहद संवेदनशील हो जाते हैं।


उसकी कैसी दीवाली




सभी पर्व तिथियों तक सीमित, 

आते याद दिलाने को,

आते आकर जाते भी हैं,  

आते ही हैं, जाने को।


टूटा मरा हुआ है जिसका मन, 

उसकी कैसी दीवाली, 

अंतरमन में यदि होली जलती, 

 तो बाहर कैसी दीवाली? 


अपना जीवन परवश काट रहा जो, 

उसे मनाने को है क्या, 

देख दिखावा औरों का वह, 

उससे क्या सुख पा सकता वो ।


जिसके पास नहीं हो पैसा, 

उसको नूतन वसन कहाँ, 

दीपक तेल और बाती का, 

कर ले पावन मिलन कहाँ? 


जिसका कोई सुजन नहीं है,  

साथी किसे बना सकता, 

भरी भीड़ में हो एकाकी,  

कैसै मेल मिला सकता?


पैसा साधन पास सभी कुछ, 

किन्तु उसके पास नहीं कोई संगी साथी, 

औरों को नित कोस-कोसकर,

भले दान दे दे हाथी।


कैसे सुख पा सकता है वह, 

कैसी उसकी  दीवाली, 

भले प्रदर्शन कितना कर ले, 

अंतरमन  तो रहता खाली।


किसी-किसी के हाथ नहीं कुछ, 

किन्तु बहुत है दिल वाला, 

उसकी नित रंगों की होली, 

रात दियों की नव माला। 


जो संयमी धैर्य से सुरभित, 

सबको अपना कहता है, 

औरो के सुख-दुख में भागी, 

 साथ दुखी के रहता है। 


दिल औरों का नहीं जलाये, 

दीवाली सचमुच उसकी, 

औरों के घर दिये जलाये,  

सही दिवाली है उसकी।


सज्जन लोगों के घर मैने, 

रोज दिवाली देखी है, 

दुर्जन के घर नित्य कष्ट की, 

 मैंने भीषण होली देखी है। 



                           🇮🇳 जयहिंद 🇮🇳


                      🇮🇳भारतीय सैनिक 🇮🇳




Disclaimer:


इस पोस्ट में व्यक्त की गई राय लेखक के व्यक्तिगत विचार हैं। जरूरी नहीं कि वे विचार या राय इस blog (Shades of Life) के विचारों को प्रतिबिंबित करते हों। कोई भी चूक या त्रुटियां लेखक की हैं और यह blog उसके लिए कोई दायित्व या जिम्मेदारी नहीं रखता है।

आप सभी को नरक चतुर्दशी, रुप चौदस‌ व छोटी दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ 💐