Maths Storytelling Day से India's Heritage segment में भारत के गणितज्ञों के विषय में जानकारी share कर रहे हैं।
सबसे पहले महान महर्षि बौधायन के विषय में जानकारी share की थी- https://shadesoflife18.blogspot.com/2026/09/indias-heritage-bharatiya-math.html?m=1
फिर उसी श्रृंखला को आगे बढ़ाते हुए भारत के एक और महान गणितज्ञ, जिन्हें Madhava of Sangamagrama कहते हैं, के विषय से जुड़ी कुछ बातें share की थीं- https://shadesoflife18.blogspot.com/2026/09/indias-heritage-bharatiya-math_0152809532.html?m=1
आज भारत के एक और महान गणितज्ञ श्रीधराचार्य के विषय में जानकारी share कर रहे हैं। इसे पढ़कर आपको एहसास होगा कि भारत सदैव से महान और विकसित रहा है।
और साथ ही यह भी ज्ञात होगा कि संस्कृत भाषा के ज्ञाता किस तरह से गणित से जुड़कर यह सिद्ध कर रहे हैं कि संस्कृत भाषा और विज्ञान एक ही मंच पर आसीन हैं…
Bharatiya Math-Magicians (Sridharacharya)
अर्थात् संस्कृत भाषा केवल एक भाषा नहीं है, बल्कि अपने आप में सम्पूर्ण है, जिसमें कला, विज्ञान, दर्शन सब निहित हैं।
बात करते हैं श्रीधराचार्य जी के विषय में, और उनसे जुड़ी खोजों व सिद्धान्तों के विषय में।
(I) Main Overview :
श्रीधराचार्य 8वीं से 9वीं शताब्दी के एक प्रसिद्ध भारतीय गणितज्ञ, संस्कृत पंडित और दार्शनिक थे।
- Time- इनका अनुमानित समय 750 से 930 CE के बीच माना जाता है।
- Birthplace- इनका जन्म बंगाल के हुगली क्षेत्र (दक्षिण राधा) के भूरिश्रेष्टि गाँव में हुआ था।
(II) Major Contributions :
- Quadratic Formula [x=(-b±√{b²-4ac})/2a]- श्रीधराचार्य का सबसे प्रसिद्ध योगदान Quadratic Formula है, जिसका उपयोग किसी quadratic equation (ax²+bx+c=0) के roots या हल निकालने के लिए किया जाता है। यदि कोई Quadratic Equation इस रूप में है; [ax²+bx+c=0] तो इसे हल करने का श्रीधराचार्य सूत्र है; [x=(-b±√{b²-4ac})/2a]
- Rules of Zero [x±0=x, 0(x)=0]- उन्होंने 0 को add करने [x+0=x], subtract करने [x-0=x], और multiply करने (x×0=0) के नियम समझाए।
- Main Treatises- उन्होंने ‘पाटीगणित’ और ‘त्रिशतिका’ (पाटीगणितसार) नामक प्रसिद्ध पुस्तकें लिखीं, जिनमें अंकगणित और बीजगणित के नियम बताए गए।
- Area of Circle- उन्होंने circle के area को निकालने के लिए भी शुरुआती सूत्र दिए।
मेरा भारत महान!
