Friday, 31 May 2019

Poem : मुझको चलते जाना है



मुझको चलते जाना है 




मंजिल मेरी दूर सही,
पर मुझको बढ़ते जाना है।
अडिग मेरा है, ये फैसला;
मंजिल तो मुझको पाना है।
हों कितनी भी बाधा राहों में,
ये जोश ना कम होने वाला।
रुक कर चलना, चलकर रुकना,
मंजिल मिल जाने से पहले,
यह जिस्म नहीं थकने वाला।
बाहों में भर कर फौलाद
हर हार को, मुझे हराना है।
सिद्ध करुंगी, मैं भी हूं सर्वश्रेष्ठ
दुनिया को मुझे दिखाना है।
सफलता पाने तक, मुझको
अनवरत चलते जाना है।

Thursday, 30 May 2019

Recipe : Chatpata Pyazi Karela


Thinking of bitter gourd (karela), the word that comes to our mind 
is “yucks” or “why karela?”

But if you prepare it following this recipe, I’m sure that “yucks” 
will get transformed to “WOW”. And you will not even like to share it with anyone.


Chatpata Pyazi Karela



Ingredients:

Bitter gourd (karela) – 250 gm.
Green chillies – 2 to 4
Medium Onions – 3 to 4
Raw mango – 1 medium (or 50gm)
Salt – according to your taste
Oil – 1½tbsp
Turmeric – ¼ tsp

Method:
  • Make thick pieces of gourd, onion, raw mango and chilli.
  • Heat up oil in a wok.
  • Sauté onion and chilli.
  • Add gourds, salt and turmeric.
  • Sim down the flame and close the lid.
  • When it gets cooked a little (for about 5 to 7 min.), remove the lid and stir it once.
  • Now cook it without lid, keeping sim flame, with occasional stirring.
  • When, the gourds get cooked completely, add raw mango to it.
  • Cover the wok for 5 minutes, so that mangoes get cooked.
  • Remove the lid. Mix it properly, stir the mixture occasionally; till the gourds start leaving oil.
  • Discard the excess oil.
  • The Chatpata Pyazi Karela is ready to be served.

 Note: 
  1. If the gourd seeds are of red colour, or are ripe, then discard the seeds.
  2. Don’t leave cut gourds for long. This would make the gourds more bitter.
  3. Taking excess oil for cooking will decrease the bitterness of the gourds. And as, the excess oil would be discarded afterwards, it won’t affect the health much.
  4. Keeping the wok open in later part of cooking will help to make the gourd tasty, crispy and less bitter.


Wednesday, 29 May 2019

Article : सूरत की घटना

सूरत की घटना


आज सब जगह, हर कोई, सूरत में घटित दिल दहला देनी वाली घटना का जिक्र कर रहा है। पर अपने सोचा है, इसका कारण हम सब लोग भी हैं? आप बोलेंगे, हम लोग कैसे?

मेरे कुछ भी कहने को मत मान लीजिये, पर एक बार ये article पढ़कर सोचिएगा जरूर।

सबसे पहली बात, हम सब अंधाधुंध से नम्बरों के पीछे भाग रहे हैं।उसके बच्चे के अच्छे नंबर आए हैं, तो मेरे बच्चे के क्यों नहीं?

इस होड़ में बच्चों की बहुतायत से tuition कराई जा रही है, उन पर बहुत अधिक mantel pressure डाल दिया जा रहा है।

जिसका नतीजा ये हो रहा है, कि बहुत से शिक्षक इस बात का लाभ उठा कर, tuition को अपना business बनाते जा रहे हैं। 

उसके लिए जगह जगह छोटी छोटी जगहों में ही जहां दस बीस बच्चे भी नहीं आ सकते, 50 से 100 तक के बच्चों को बैठाया जाता है। ऐसे में वहाँ बिना किसी दुर्घटना के भी दम घुटता है, फिर कोई घटना हो जाए, तब तो बस ईश्वर ही बचाए!

तो यहाँ कुछ बातों पर मैं आपका ध्यान खींचना चाहूंगी,

पहली बात जहां अपने आँखों के तारों को भेज रहे हैं, उस जगह का निरीक्षण अवश्य करें। कुछ गलत है, तो आवाज़ भी अवश्य उठाएँ।

क्योंकि सुनी उसी की जाती है, जो बोलता है। अगर सारे parents एक हो जाएँ, तो institute भी हमारे बच्चों के लिए बदलता है। एकता में बहुत शक्ति होती है जनाब! इसी एकता ने, देश आज़ाद करा दिया था। तो गलत के खिलाफ आवाज़ जरूर उठाएँ।

दूसरी बात, सारे बच्चों की क्षमता अलग होती है, अपने आकांक्षाओं को उन पर लादें नहीं, सब doctor, engineer, IAS बनने के लिए दुनिया में नहीं आए हैं। कोई politician, actor, chef, teacher, painter, dancer, writer, poet, businessman आदि भी बनने आए हैं। सबकी ही अपनी अपनी importance है, सभी दुनिया के लिए जरूरी भी हैं। 

आप उनको अपने मन का करने दें, उसे वो आपकी अपेक्षाओं से भी ज्यादा अच्छा कर के दिखाएंगे, आपका मान बढ़ाएँगें।

तीसरी बात, अपने बच्चों में केवल किताबी ज्ञान मत भरिए, उन्हें life skill भी सिखाएँ, जिसमें अपनी सुरक्षा  करना भी शामिल है। आप हर समय उनके साथ नहीं रह सकते। उन्हें सिखाएँ, कैसे विपरीत परस्थिति में सब से पहले अपने पर काबू पाना होता है, panic करने से स्थिति हमेशा और बिगड़ जाती है, calm  रहने से ही आप विपरीत स्थिति पर काबू पा सकते हैं।

वो विपरीत स्थिति कुछ भी हो सकती है, आग में, भूकंप में, lift में फंस जाना, कार में lock हो जाना, पानी में डूबने लगना, कोई छोटा या बड़ा accident हो जाना, कभी गुंडों या आवारा लोगों के बीच घिर जाना आदि।

Presence of mind ही आपको किसी भी situation से बाहर निकाल सकता है, इसीलिए जो व्यक्ति Calm and cool होते हैं, वो ही ज़िंदगी में सफलता प्राप्त करते हैं।

और सबसे बड़ी चौथी बात, कुछ समय अपने बच्चों के साथ गुजारिए। हम लोग ना जाने किस किस बात के लिए Google में search करते हैं, उसी में सभी तरह की विषम परिस्थितियों से बचने के बहुत ही अच्छे अच्छे उपाय भी मिलेंगे, उन्हें search करें, स्वयं पढ़ें, और समय समय पर बच्चों को भी बताते रहें।

हम ही अपने बच्चों को सबसे ज्यादा सुरक्षित रख सकते हैं। उसके लिए आपके बच्चों को आपके कुछ पल और स्थितियों के प्रति जागरूक रहने की आवश्यकता है। 

हे ईश्वर आप सबको सुरक्षित, स्वस्थ, चिरायु, सुखी एवं प्रसन्न रखें।